August 27, 2026

उत्तराखंड का लाल देश के लिए हुआ शहीद

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रैबार पहाड़ का: देवभूमि उत्तराखंड क लिए बेहद दुखद खबर है। जम्मू कश्मीर के किश्तवाड़ में आतंकियों से लोहा लेते हुए हवलदार गजेंद्र सिंह शहीद हो गए हैं। हवलदार गजेंद्र बागेश्वर कपकोट के बीथी पन्याती गांव के रहने वाले थे हवलदार गजेंद्र आतंक विरोधी अभियान में जुटी स्पेशल फोर्सेस का हिस्सा थे।

 

बता दें कि रविवार को सेना को किश्तवाड़ के सिंहपोरा इलाके में आतंकियों के होने की सूचना मिली थी, जिसके बाद से आतंकियों से मुठभेड़ लगातार जारी है। सेना आतंकियों के खात्मे के लिए ऑपरेशन TRASHI-I चला रही है। खबरों के अनुसार ऑपरेशन के दौरान आतंकियों ने सुरक्षा बलों पर ग्रेनेड से हमला कर दिया। इस हमले में आठ जवान घायल गये थे, इलाज के दौरान हवलदार गजेंद्र सिंह शहीद ने अंतिम सांस ली।

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बताया जाता है कि हवलदार गजेंद्र सिंह ने आतंकियों के हमले के बीच अपने घायल साथियों को सुरक्षित निकालने में कामयाब रहे। इस साहस के लिए उन्हें व्हाइट नाइट कॉर्प्स के GOC सहित सेना के सभी जवानों ने भावभीनी श्रद्धांजलि दी है। ग्रेनेड हमले के बाद इलाके में अतिरिक्त सुरक्षा बलों को भेजा गया है।

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अरुणाचल में देवभूमि का जवान शहीद

उधर अरुणाचल से भी उत्तराखंड के लिए एक दुखद खबर सामने आई। 15 गढ़वाल राइफल्स में तैनात हवलदार रविन्द्र सिंह ने अरुणाचल प्रदेश में मातृभूमि की सेवा करते हुए वीरगति प्राप्त कर ली। यह हृदयविदारक घटना दिनांक 18 जनवरी 2026 को घटित हुई। शहीद हवलदार रविन्द्र सिंह, ग्राम आगर, दशज्यूला (जनपद रुद्रप्रयाग) के निवासी थे। वे पूर्व ग्राम प्रधान स्वर्गीय/श्री सतेंद्र सिंह राणा के पुत्र थे। उनकी शहादत की खबर मिलते ही पूरे क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई है। प्राप्त जानकारी के अनुसार शहीद जवान का पार्थिव शरीर 20 जनवरी 2026 को पूरे सैन्य सम्मान के साथ उनके पैतृक गांव आगर, दशज्यूला में अंतिम दर्शन के लिए लाया जाएगा। तत्पश्चात रुद्रप्रयाग संगम पर सैन्य सम्मान के साथ उनका अंतिम संस्कार किया जाएगा।

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