July 16, 2026

गणतंत्र दिवस के राज्य स्तरीय समारोह में सूचना विभाग की झांकी ने लगातार तीसरी बार प्राप्त किया प्रथम स्थान

0
FB_IMG_1769418201064

गणतंत्र दिवस के राज्य स्तरीय समारोह में सूचना विभाग की झांकी ने लगातार तीसरी बार प्राप्त किया प्रथम स्थान

राज्य की 25 साल की विकास यात्रा एवं शीतकालीन धार्मिक यात्रा व पर्यटन पर आधारित थी झांकी

गणतंत्र दिवस के अवसर पर परेड ग्राउंड देहरादून में राज्य स्तरीय समारोह में सूचना विभाग की झांकी ने लगातार तीसरी बार प्रथम स्थान प्राप्त किया। ‘‘रजत जयंती एवं शीतकालीन धार्मिक यात्रा व पर्यटन’’ पर आधारित इस झांकी में राज्य के पच्चीस वर्षों की विकास यात्रा के साथ ही तीर्थाटन एवं पर्यटन विकास से जुड़े पहलुओं को दिखाया गया।

ये भी पढ़ें:  देहरादून महायोजना-2041 : सातवें दिन जीआरडी यूनिवर्सिटी में उमड़ी जनभागीदारी, नागरिकों ने रखे भविष्य के दून की विकास रूपरेखा से जुड़े सुझाव

झांकी के प्रथम भाग में गंगा मन्दिर, मुखवा को प्रदर्शित किया गया, जो माँ गंगा का शीतकालीन प्रवास है। झांकी के अग्रिम केबिन में उत्तराखण्ड गठन के 25 गौरवशाली वर्ष प्रदर्शित किए गए , जो राज्य की विकास यात्रा, सांस्कृतिक पहचान और निरंतर प्रगति को दर्शाते हैं।

ये भी पढ़ें:  एसजीआरआर गोपेश्वर के आलेख प्रथम प्रयास में आईआईटी मुम्बई पहुंचे

झांकी के ट्रेलर भाग में उत्तराखण्ड को आयुर्वेद के अग्रणी राज्य के रूप में प्रस्तुत किया गया , जो राज्य की औषधीय पौधों एवं जड़ी-बूटियों की प्राचीन चिकित्सा पद्धति को रेखांकित करती है। ट्रेलर के द्वितीय खंड में उत्तराखण्ड की होम स्टे योजना को दर्शाया गया । इसके पश्चात् झांकी में खरसाली स्थित यमुना मन्दिर को प्रदर्शित किया गया , जो माँ यमुना का शीतकालीन धाम है।

झांकी के अंतिम भाग में उठते हुए स्तंभों (पिलर्स) के माध्यम से उत्तराखण्ड की वर्ष-दर-वर्ष प्रगति को दर्शाया गया , जो राज्य के सतत विकास का प्रतीक है। झांकी के पार्श्व भाग में उत्तराखण्ड में लागू किये गये नये कानूनों को प्रदर्शित किया गया , जो राज्य की कानून व्यवस्था एवं सुशासन के प्रति प्रतिबद्धता को दर्शाता है। पृष्ठभूमि में की गई ऐंपण कला की सजावट, उत्तराखण्ड की पारंपरिक लोक कला को आधुनिक दृष्टिकोंण से जोड़ती है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *