August 26, 2026

नजीबाबाद के गेस्ट टीचर ने उत्तराखंड को फिर किया शर्मसार छात्रा से की छेड़छाड़,आरोपी यूसूफ अंसारी के पास दो दो स्थाई निवास प्रमाण पत्र –

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नजीबाबाद के गेस्ट टीचर ने उत्तराखंड को फिर किया शर्मसार छात्रा से की छेड़छाड़,आरोपी यूसूफ अंसारी के पास दो दो स्थाई निवास प्रमाण पत्र

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चमोली जिले के दशोली ब्लॉक में राजकीय इंटर कालेज गौणा में तैनात नजीबाबाद के अतिथि शिक्षक यूनुस अंसारी पर छात्रा से छेड़छाड़ के गंभीर आरोप लगे हैं। यही नहीं शिक्षक के सातवीं कक्षा के एक बालक का भी शोषण किया जिसके बाद उसे नौकरी से हटा दिया गया है और पोक्सो एक्ट में मुकदमा दर्ज किया गया है। इस मामले में ये भी खुलासा हुआ है कि आरोपी शिक्षक के पास दो दो जगह के स्थाई निवास प्रमाण पत्र मौजूद थे, ऐसे में सिस्टम पर भी सवाल उठ रहे हैं।

आरोपी शिक्षक यूनुस अंसारी राजकीय इंटर कालेज गौणा में राजनीति विज्ञान के अतिथि प्रवक्ता पद पर तैनात था। आरोप है कि ट्यूशन पढ़ाने के बहाने उसने 12वीं क्लास की छात्रा से छेड़छाड़ की। यही नहीं गेस्ट टीचर ने 7वीं कक्षा के एक बालक का भी शोषण किया। 26 नवंबर को विद्यालय में अभिभावक संघ की बैठक में इस मामले में कार्रवाई मांग की गई। जिसमें शिक्षक ने लिखित में अपने पर लगे आरोपों को स्वीकार किया और गलती मानते हुए माफी मांगी।

बहरहाल स्थानीय लोगों में शिक्षक की इस हरकत पर आक्रोश है। परिजनों की तहरीर के आधार पर पोक्सो एक्ट में शिक्षक के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। और उसे हटा दिया गया है।

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दो-दो स्थाई निवास प्रमाण पत्र

नाबालिग छात्राओं से छेड़छाड़ व यौन शोषण के आरोप में पकड़े गए अतिथि शिक्षक यूनूस अंसारी के मामले में नया खुलासा सामने आया है। आरोपी के पास दो-दो स्थायी निवास प्रमाणपत्र पाए गए हैं। एक नजीबाबाद (बिजनौर, उत्तर प्रदेश) का और दूसरा चमोली, उत्तराखंड का। यूनूस अंसारी मूल रूप से नजीबाबाद का निवासी है, लेकिन उसके पास चमोली जिले का स्थायी निवासी प्रमाणपत्र भी मौजूद है। सवाल यह है कि आखिर एक बाहरी व्यक्ति को चमोली का स्थायी निवासी प्रमाणपत्र कैसे जारी हो गया? क्या इसमें विभागीय लापरवाही है या किसी ने नियमों को ताक पर रखकर यह प्रमाणपत्र जारी किया? पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। प्रशासन अब उसके दस्तावेजों की जांच में जुट गया है। लेकिन दोहरी पहचान ने प्रशासनिक सिस्टम की विश्वसनीयता और पारदर्शिता पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।

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